
खबरी न्यूज नेशनल नेटवर्क चंदौली।
चंदौली की धरती ने सोमवार को वह दृश्य देखा, जिसकी गूंज सिर्फ तहसील परिसर तक सीमित नहीं रही, बल्कि पूरे जनपद में चर्चा का विषय बन गई। सकलडीहा तहसील के बाहर नहर किनारे चल रहा एक “साधारण लेन-देन” अचानक कानून की सबसे बड़ी कार्रवाई में बदल गया।
रिपोर्ट लगाने के नाम पर 25 हजार रुपये की मांग… मोलभाव के बाद 15 हजार में सौदा… और पहली किस्त 10 हजार लेते ही रंगे हाथ गिरफ्तारी!
एंटी करप्शन टीम ने लेखपाल पंकज यादव और उसके सहयोगी सुखवीर को दबोच लिया।
📍 सकलडीहा तहसील — जहां फाइलों की चाल से तय होती है तकदीर

4
सकलडीहा तहसील, जनपद चंदौली — यहां रोज सैकड़ों लोग अपनी जमीन, पैमाइश, खतौनी, रिपोर्ट और प्रमाण पत्र के लिए चक्कर लगाते हैं।
कई लोग उम्मीद लेकर आते हैं, लेकिन कई बार उम्मीदों के बदले “रेट” सुनने को मिलता है।
इस बार भी कहानी कुछ ऐसी ही शुरू हुई।
बिस्सापुर (पोस्ट मथेला, थाना बलुआ) निवासी विनय प्रकाश अपनी विभागीय रिपोर्ट लगवाने पहुंचे थे।
लेकिन उन्हें न्याय नहीं, “नकद व्यवस्था” का संकेत मिला।


25 हजार की डिमांड… “काम कराना है तो पैसे लगेंगे”
सूत्रों के अनुसार लेखपाल पंकज यादव ने रिपोर्ट लगाने के एवज में 25,000 रुपये की मांग रखी।
विनय प्रकाश ने मिन्नत की, अपनी आर्थिक स्थिति बताई।
काफी बातचीत के बाद सौदा 15,000 रुपये में तय हुआ।
पहली किस्त 10,000 रुपये सोमवार को दी जानी थी।
लेकिन इस बार पीड़ित ने चुप रहने के बजाय सिस्टम से लड़ने का फैसला किया।
एंटी करप्शन टीम की एंट्री — ऑपरेशन “रंगे हाथ”
विनय प्रकाश ने वाराणसी स्थित एंटी करप्शन यूनिट से संपर्क किया।
पूरी योजना बनाई गई।
रकम को चिन्हित किया गया।
टीम सादे कपड़ों में पहले से ही मौके पर तैनात थी।
जैसे ही नहर किनारे लेखपाल के हाथ में पैसे पहुंचे —
वैसे ही टीम ने चारों ओर से घेर लिया।
पंकज यादव सकते में था।
साथ मौजूद सुखवीर भी हिरासत में ले लिया गया।
कुछ ही मिनटों में तहसील परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
🚔 मुगलसराय कोतवाली में पूछताछ
गिरफ्तारी के बाद दोनों आरोपियों को मुगलसराय कोतवाली ले जाया गया, जहां गहन पूछताछ की जा रही है।
सूत्र बताते हैं कि टीम यह भी जांच कर रही है कि क्या यह अकेला मामला था या फिर एक बड़ा नेटवर्क सक्रिय था।

प्रशासन का सख्त संदेश
जिलाधिकारी पहले ही स्पष्ट कर चुके थे कि भ्रष्टाचार के खिलाफ “जीरो टॉलरेंस” की नीति अपनाई जाएगी।
यह कार्रवाई उसी नीति का प्रत्यक्ष प्रमाण मानी जा रही है।
अब सवाल यह है —
क्या बाकी विभागों में भी इसी तरह की सख्ती दिखाई जाएगी?
तहसील में हड़कंप — कर्मचारियों में खामोशी
गिरफ्तारी के बाद सकलडीहा तहसील के गलियारों में सन्नाटा पसर गया।
कई कर्मचारी फाइलों में सिर झुकाए दिखे।
कुछ लोग मोबाइल पर खबरें पढ़ते नजर आए।
जनता के बीच चर्चा थी —
“अगर हर पीड़ित ऐसे हिम्मत दिखाए, तो सिस्टम साफ हो सकता है।”


🧠 विशेषज्ञ क्या कहते हैं?
कानूनी विशेषज्ञों का मानना है कि भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत रंगे हाथ गिरफ्तारी मजबूत साक्ष्य मानी जाती है।
यदि आरोप सिद्ध होते हैं तो आरोपी को कड़ी सजा का सामना करना पड़ सकता है।
😡 जनता का आक्रोश
सोशल मीडिया पर लोगों ने कड़ी प्रतिक्रिया दी।
कई लोगों ने लिखा —
“यह तो सिर्फ शुरुआत है।”
“पूरे सिस्टम की जांच होनी चाहिए।”
कुछ ने सवाल उठाया —
“क्या पीड़ितों को पहले ही न्याय मिलता, तो ऐसी नौबत आती?”
💬 विनय प्रकाश की हिम्मत बनी मिसाल
इस पूरी घटना में सबसे बड़ी बात है — एक आम नागरिक का साहस।
अगर वह भी चुप रह जाते, तो यह मामला भी फाइलों में दब जाता।
उनकी हिम्मत ने न सिर्फ एक रिश्वतखोर को बेनकाब किया, बल्कि सैकड़ों लोगों को आवाज उठाने की प्रेरणा दी।

📊 चंदौली में भ्रष्टाचार की चुनौती
चंदौली जैसे विकासशील जनपद में भूमि और राजस्व से जुड़े मामलों की भरमार है।
ऐसे में लेखपाल की भूमिका बेहद अहम होती है।
यदि यही पद भ्रष्टाचार से ग्रस्त हो जाए, तो आम जनता का भरोसा डगमगा जाता है।
🔔 अब आगे क्या?
जांच जारी है।
सस्पेंशन की प्रक्रिया शुरू हो सकती है।
विभागीय कार्रवाई तय मानी जा रही है।
लेकिन असली सवाल है —
क्या यह कार्रवाई स्थायी बदलाव लाएगी?
✊ खबरी न्यूज़ की स्पष्ट राय
भ्रष्टाचार कोई छोटी समस्या नहीं, यह व्यवस्था को भीतर से खोखला करता है।
जब तक हर पीड़ित आवाज नहीं उठाएगा और हर अधिकारी ईमानदारी नहीं निभाएगा, तब तक बदलाव अधूरा रहेगा।
आज की गिरफ्तारी एक संकेत है —
“सिस्टम सोया नहीं है।”
📢 जनता से अपील
अगर आपसे भी किसी अधिकारी ने रिश्वत मांगी है —
✔ सबूत जुटाइए
✔ शिकायत दर्ज कराइए
✔ कानून पर भरोसा रखिए
चंदौली ने दिया बड़ा संदेश
सकलडीहा तहसील की यह कार्रवाई सिर्फ दो लोगों की गिरफ्तारी नहीं है।
यह संदेश है कि अब “रेट लिस्ट” नहीं चलेगी।
अब फाइलें पैसे से नहीं, नियम से चलेंगी।
चंदौली की जनता ने देख लिया —
कानून देर से आता है, लेकिन आता जरूर है।

