मॉडल यूथ ग्राम सभा में चंदौली का परचम
आशुतोष सिंह और आशुतोष जायसवाल बने जिले की शान
जब गांव की मिट्टी बोलेगी देश के मंच से…

खबरी न्यूज नेशनल नेटवर्क चकिया‚चन्दौली।
दिल्ली के प्रगति मैदान स्थित भारत मंडपम में 28 जनवरी 2026 को होने जा रहा है एक ऐसा ऐतिहासिक आयोजन, जहां देश के कोने-कोने से चुने गए युवा ग्राम नेतृत्व अपने गांवों की कहानी सुनाएंगे।
और इस राष्ट्रीय मंच पर उत्तर प्रदेश के चंदौली जनपद से दो ऐसे नाम गूंजने जा रहे हैं, जिनकी पहचान आज सिर्फ ग्राम प्रधान नहीं, बल्कि ग्रामीण भारत के मॉडल लीडर के रूप में बन चुकी है।
👉 ग्राम प्रधान आशुतोष कुमार सिंह
👉 ग्राम प्रधान आशुतोष जायसवाल
ये दोनों नाम अब चंदौली के गौरव, गांव की उम्मीद और युवाओं की प्रेरणा बन चुके हैं।
🏆 मॉडल यूथ ग्राम सभा: गांवों के भविष्य का राष्ट्रीय मंच
‘मॉडल यूथ ग्राम सभा’ कोई सामान्य कार्यक्रम नहीं है। यह देश के उन ग्राम प्रतिनिधियों का मंच है,
✔️ जिन्होंने विकास को काग़ज़ से निकालकर ज़मीन पर उतारा,
✔️ जिन्होंने युवाओं को निर्णय प्रक्रिया से जोड़ा,
✔️ जिन्होंने ग्राम पंचायत को केवल प्रशासन नहीं, आंदोलन बनाया।
और इसी कसौटी पर चंदौली के दो ग्राम प्रधान खरे उतरे।
✨ चंदौली के लिए गर्व का क्षण
जिला पंचायत राज अधिकारी (DPRO) नीरज कुमार सिन्हा द्वारा जारी आधिकारिक पत्र ने यह स्पष्ट कर दिया कि—
“चंदौली की ग्राम पंचायतों में हो रहे नवाचार और युवा सहभागिता ने राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई है।”
यह सिर्फ चयन नहीं है,
👉 यह स्वीकृति है,
👉 यह सम्मान है,
👉 यह गांव की ताकत की जीत है।


👤 कौन हैं ये दो ग्राम प्रधान, जो दिल्ली जा रहे हैं?
🔹 आशुतोष कुमार सिंह
(पुत्र – मुन्ना सिंह)
📍 ग्राम पंचायत – प्रहलादपुर डबरियां
📍 विकास खंड – धानापुर
प्रहलादपुर डबरियां…
जहां पंचायत बैठकों में युवाओं की मौजूदगी दिखती है,
जहां योजनाएं फाइलों में नहीं, मैदान में नजर आती हैं,
जहां प्रधान सिर्फ कुर्सी पर नहीं, जनता के बीच खड़ा रहता है।
आशुतोष सिंह ने ग्राम सभा को
➡️ युवाओं का मंच बनाया,
➡️ महिलाओं की आवाज़ को मजबूती दी,
➡️ विकास को पारदर्शी किया।
🔹 आशुतोष जायसवाल
(पुत्र – दिलीप कुमार जायसवाल)
📍 ग्राम पंचायत – मवैया
📍 विकास खंड – चकिया
मवैया ग्राम पंचायत ने यह साबित कर दिया कि
अगर नेतृत्व में ईमानदारी और विज़न हो,
तो गांव भी मॉडल बन सकता है।
आशुतोष जायसवाल की पहचान—
✔️ योजनाओं के समयबद्ध क्रियान्वयन,
✔️ युवाओं के साथ संवाद,
✔️ पंचायत में डिजिटल और सामाजिक भागीदारी।
आज वही मवैया गांव दिल्ली में चंदौली की आवाज़ बनेगा।


🕙 28 जनवरी: वह दिन, जब गांव बोलेगा
📅 तारीख: 28 जनवरी 2026
📍 स्थान: भारत मंडपम, प्रगति मैदान, नई दिल्ली
⏰ समय: सुबह 10:00 बजे से शाम 04:25 बजे तक
इस राष्ट्रीय समारोह में—
✔️ देशभर के चुनिंदा ग्राम प्रधान
✔️ नीति-निर्माता
✔️ पंचायती राज से जुड़े विशेषज्ञ
✔️ युवा प्रतिनिधि
शिरकत करेंगे।
और उसी मंच पर चंदौली का नाम लिया जाएगा।
🏛️ प्रशासनिक स्तर पर पूरी तैयारी
जिला पंचायत राज अधिकारी नीरज कुमार सिन्हा ने—
✔️ पंचायती राज निदेशक, उत्तर प्रदेश को सूचना भेज दी है,
✔️ संबंधित सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि
👉 दोनों ग्राम प्रधानों की समय पर उपस्थिति
👉 आवश्यक व्यवस्थाएं
👉 सम्मानजनक प्रतिनिधित्व सुनिश्चित किया जाए।
यह दर्शाता है कि प्रशासन भी इस उपलब्धि को लेकर गंभीर और गर्वित है।

यह खबर क्यों है ‘इमोशनल’?
क्योंकि यह खबर सिर्फ दो नामों की नहीं है—
यह खबर है—
🌾 खेतों में काम करने वाले उस युवा की,
जो अब नीति की भाषा समझता है।
यह खबर है—
👩👧👦 उस मां की,
जिसकी आवाज़ अब ग्राम सभा में सुनी जाती है।
यह खबर है—
🏫 उस गांव की,
जिसे अब कोई “पिछड़ा” नहीं कह सकता।
🔥 चंदौली से संदेश: गांव कमजोर नहीं, नेतृत्व चाहिए
जब गांव से दिल्ली तक प्रतिनिधि जाता है,
तो सिर्फ व्यक्ति नहीं जाता—
👉 पूरा गांव जाता है,
👉 पूरा जनपद जाता है,
👉 पूरा विश्वास जाता है।
आशुतोष सिंह और आशुतोष जायसवाल
आज सिर्फ ग्राम प्रधान नहीं—
वे ग्रामीण भारत के ब्रांड एम्बेसडर बन चुके हैं।
🌈 खबरी न्यूज़ की अपील
👉 ऐसे नेतृत्व को पहचानिए
👉 ऐसे प्रतिनिधियों को समर्थन दीजिए
👉 क्योंकि मजबूत पंचायत = मजबूत लोकतंत्र
✍️ खबरी न्यूज़ | वेव पोर्टल
ग्रामीण भारत की असली आवाज़
(संपादकीय मार्गदर्शन: के. सी. श्रीवास्तव, एडवोकेट)


