डीडीयू नगर, चंदौली | खबरी न्यूज नेशनल नेटवर्क से सरदार महेन्द्र सिंह की स्पेशल रिपोर्ट
सुबह के ठीक 5 बजकर 35 मिनट…
सड़कें अभी पूरी तरह जागी भी नहीं थीं…
हल्की ठंडी हवा, सुनसान चौराहा और अचानक पुलिस की तेज हलचल…
चकिया तिराहे पर उस वक्त जो हुआ, उसने मादक पदार्थ तस्करों की नींद उड़ा दी।
मुगलसराय पुलिस ने एक ऐसा जाल बिछाया, जिसमें फंसकर दो तस्करों का पूरा खेल खत्म हो गया।
यह कोई मामूली कार्रवाई नहीं थी…
यह एक सटीक प्लानिंग, तेज इंटेलिजेंस और दमदार एक्शन का नतीजा था।
“ड्रमों में जल रहा था सच… लेकिन पुलिस ने राख से भी निकाल लिया राज!”
तस्करों ने सोचा था कि वे सिस्टम से एक कदम आगे हैं…
उन्होंने अपने ‘माल’ को ऐसे छिपाया कि कोई सोच भी न सके—
👉 जले हुए मोबिल ड्रम
👉 ऊपर से राख और कालिख
👉 अंदर टेप से पैक गांजे के बंडल
लेकिन अपराध की दुनिया में एक सच हमेशा कायम रहता है—
“कानून की नजर से कुछ भी नहीं बचता!”
ऑपरेशन ‘भोर’: कैसे बिछा जाल?
वाराणसी जोन के उच्च अधिकारियों के निर्देश पर
चंदौली पुलिस पहले से ही मादक पदार्थों के खिलाफ मिशन मोड में थी।
➡️ अपर पुलिस महानिदेशक पीयूष मोर्डिया
➡️ पुलिस उपमहानिरीक्षक वैभव कृष्ण
➡️ एसपी आदित्य लांग्हे
इनके नेतृत्व में चल रहा विशेष अभियान अब रंग ला रहा है।
इसी अभियान के तहत—
थाना मुगलसराय पुलिस को एक सटीक मुखबिर सूचना मिली।
👉 “गोधना बाईपास से एक संदिग्ध वाहन गांजा लेकर गुजरने वाला है…”
बस… फिर क्या था…
चकिया तिराहे पर ‘घेराबंदी’—फिल्मी अंदाज में एक्शन
थाना प्रभारी निरीक्षक संतोष कुमार सिंह के नेतृत्व में टीम सक्रिय हुई।
👉 चकिया तिराहे पर बैरियर लगा
👉 हर वाहन की सघन चेकिंग शुरू
👉 पुलिस की नजरें हर मूवमेंट पर टिकी हुई थीं
तभी…
एक टाटा मैजिक (CG-07 AT-3053) तेज रफ्तार में आती दिखाई दी…
पुलिस ने इशारा किया—
लेकिन वाहन की हरकतें कुछ और ही कहानी बयां कर रही थीं…
👉 तुरंत घेराबंदी
👉 वाहन रोका गया
👉 चालक और साथी के चेहरे पर घबराहट साफ थी
जब ड्रम खुले… तो उड़ गए होश!
तलाशी शुरू हुई…
पहले कुछ खास नहीं मिला…
लेकिन जैसे ही पुलिस ने जले हुए ड्रमों को खोलना शुरू किया—
👉 अंदर से निकले टेप में लिपटे बंडल
👉 एक-एक कर गिनती बढ़ती गई
👉 कुल 38 बंडल… यानी 38 किलो गांजा!
उस पल वहां मौजूद हर पुलिसकर्मी को एहसास हुआ—
“आज बड़ा खेल पकड़ा गया है!”
10 लाख का ‘काला कारोबार’ हुआ बेनकाब
बरामद गांजे की अनुमानित कीमत—
👉 करीब 10 लाख रुपये
यह सिर्फ एक खेप नहीं थी…
यह एक संगठित तस्करी नेटवर्क की कड़ी थी।
कौन हैं गिरफ्तार तस्कर?
पुलिस ने मौके से दो युवकों को गिरफ्तार किया—
👉 निरंजन कुमार (20 वर्ष)
👉 राजू कुमार (20 वर्ष)
📍 निवासी – भोजपुर, बिहार
इनके पास से बरामद हुआ—
✔️ टाटा मैजिक वाहन
✔️ 3 मोबाइल फोन
✔️ 300 रुपये नकद
पूछताछ में खुला बड़ा राज
जब पुलिस ने सख्ती से पूछताछ की…
तो जो सामने आया, वह चौंकाने वाला था—
👉 मध्य प्रदेश के हनुमना से गांजा लोड हुआ
👉 वाराणसी के पहड़िया तक सप्लाई का प्लान
👉 डिलीवरी के लिए 14,000 रुपये का लालच
और सबसे बड़ा खुलासा—
👉 “पकड़े जाने से बचने के लिए हमने जले हुए मोबिल ड्रमों का इस्तेमाल किया…”
यानी तस्कर अब नई-नई तरकीबों से कानून को चुनौती दे रहे हैं।
NDPS एक्ट के तहत कड़ी कार्रवाई
इस पूरे मामले में थाना मुगलसराय में दर्ज हुआ—
📌 मुकदमा संख्या: 0126/2026
📌 धारा: 8/20 NDPS एक्ट
👉 आगे की जांच जारी
👉 नेटवर्क के अन्य सदस्यों की तलाश तेज
🚨 पुलिस टीम—जिन्होंने रचा ये ‘ऑपरेशन सक्सेस’
इस पूरी कार्रवाई के हीरो रहे—
👮♂️ प्रभारी निरीक्षक – संतोष कुमार सिंह
👮♂️ उपनिरीक्षक – अजय कुमार (रेलवे कॉलोनी चौकी प्रभारी)
👮♂️ उपनिरीक्षक – मुंशी यादव
👮♂️ हेड कांस्टेबल – संतोष शाह
👮♂️ कांस्टेबल – सुरेन्द्र कुमार, अतुल सिंह, मनीष यादव
इन सभी ने मिलकर एक परफेक्ट टीम वर्क का उदाहरण पेश किया।
“नशे के खिलाफ जंग”—चंदौली पुलिस का कड़ा संदेश
यह कार्रवाई सिर्फ एक गिरफ्तारी नहीं है…
यह एक संदेश है—
👉 “चंदौली अब तस्करों के लिए सुरक्षित जगह नहीं!”
👉 “हर चाल का जवाब मिलेगा, हर नेटवर्क तोड़ा जाएगा!”
क्या कहती है यह घटना?
यह पूरा मामला कई बड़े सवाल भी खड़े करता है—
❓ क्या मध्य प्रदेश से यूपी तक फैला है बड़ा तस्करी रैकेट?
❓ क्या वाराणसी बना हुआ है ट्रांजिट हब?
❓ क्या युवाओं को लालच देकर अपराध की दुनिया में धकेला जा रहा है?
युवा और नशा—सबसे खतरनाक कनेक्शन
सबसे चिंता की बात यह है कि—
👉 दोनों आरोपी सिर्फ 20 साल के
👉 छोटी उम्र में बड़ा अपराध
👉 लालच और आसान पैसे का जाल
यह सिर्फ पुलिस का मामला नहीं है…
यह समाज की भी जिम्मेदारी है।
खबरी न्यूज की अपील
👉 अगर आपके आसपास कोई संदिग्ध गतिविधि दिखे
👉 तुरंत पुलिस को सूचना दें
👉 नशे के खिलाफ इस लड़ाई में भागीदार बनें
अंतिम शब्द—“भोर की इस कार्रवाई ने बदल दी तस्वीर”
17 मार्च 2026 की सुबह…
मुगलसराय पुलिस ने सिर्फ एक वाहन नहीं पकड़ा—
👉 एक नेटवर्क को झटका दिया
👉 अपराधियों को चेतावनी दी
👉 और जनता में विश्वास जगाया
“जब पुलिस जागती है… तो अपराध की हर चाल ध्वस्त हो जाती है!”
✍️ खबरी न्यूज वेव पोर्टल – सच, जो सबसे पहले और सबसे असरदार







