दर्दनाक हादसा: ठटरा गांव के पास ट्रक की टक्कर से मासूम ऋषिका की मौत, पिता-पत्नी की चीखों से दहला वाराणसी



???? Khabari News | वाराणसी ब्यूरो | संपादक: K.C. Shrivastava (Adv.)
वाराणसी | मिर्जामुराद | बुधवार, सुबह 9:00 बजे।
यह वो समय था जब सनोज गौतम के जीवन का सबसे काला अध्याय शुरू हुआ। मिर्जापुर के रामपुर गांव निवासी 26 वर्षीय सनोज अपनी पत्नी अर्चना (23) और 9 महीने की नन्हीं ऋषिका को स्कूटी पर लेकर रिश्तेदारी में औराई जा रहे थे। लेकिन NH-2 पर जैसे ही तमाचाबाद पहुंचे, एक लापरवाह ट्रक चालक ने उनकी दुनिया उजाड़ दी।

ट्रक ने स्कूटी में टक्कर मारी, तीनों सड़क पर जा गिरे। ऋषिका की नाजुक सी जान हादसे का भार न झेल पाई — डॉक्टरों ने कुछ ही मिनटों में मृत घोषित कर दिया। वहीं पत्नी अर्चना की हालत गंभीर बनी हुई है, उन्हें BHU ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया है।

???? माँ की गोद से छिनी मासूम की मुस्कान
घटना स्थल पर लोगों ने बताया कि ट्रक अनियंत्रित गति से NH-2 के अंडरपास से सर्विस रोड की तरफ मोड़ते वक्त स्कूटी में पीछे से टकरा गया। ऋषिका को गोद में लिए बैठी अर्चना सड़क पर गिर गईं। मासूम का सिर पहले रोड से और फिर ट्रक के पहिए से टकराया।
“मैं तो हवा से भी बचाता था उसे… अब क्या बचा है मेरे पास?”
— सनोज गौतम की सिसकती आवाज़, हर दिल को हिला देने वाली थी।
???? पुलिस की तत्परता, लेकिन ट्रक ड्राइवर फरार
मिर्जामुराद पुलिस मौके पर पहुंची और 108 एंबुलेंस से सभी घायलों को BHU ट्रॉमा सेंटर भेजा गया। लेकिन घटना के बाद ट्रक ड्राइवर मौके से फरार हो गया। पुलिस ने ट्रक जब्त कर लिया है, FIR दर्ज कर ली गई है और CCTV फुटेज के आधार पर ड्राइवर की तलाश शुरू की गई है।
???? ऋषिका की खिलखिलाहट अब केवल तस्वीरों में बची है
परिवार वालों ने बताया कि ऋषिका घर की पहली बेटी थी और सबकी लाड़ली। पूरे मोहल्ले में उसकी किलकारियां गूंजती थीं। सनोज ने कुछ दिन पहले ही उसके लिए गुलाबी रंग का टेडी खरीदा था… जो अब खाली पड़ा उसके झूले के पास रखा है।

???? कब रुकेंगे ये हाईवे हादसे?
ठटरा के पास पिछले 6 महीनों में 5 से अधिक जानलेवा हादसे हो चुके हैं। सर्विस रोड की स्थिति दयनीय है और अंडरपास से गुजरने वाले भारी वाहन अक्सर बेतरतीब ढंग से मोड़ लेते हैं।
“हर बार एक मासूम जाता है, प्रशासन केवल रिपोर्ट दर्ज कर शांति से बैठ जाता है।”
— सामाजिक कार्यकर्ता, सुभाष यादव
???? “गहरे पानी में डूबा… लेकिन ज़िंदगी बच गई”
Ganga घाट पर जल पुलिस बनी भगवान, डूबते युवक अर्जुन सिंह को खींच कर निकाला बाहर
मुंशी घाट | सुबह 6:30 बजे

वाराणसी के मंडुवाडीह निवासी 20 वर्षीय अर्जुन सिंह अपने 4 दोस्तों के साथ बुधवार को गंगा स्नान के लिए मुंशी घाट आया था। लेकिन स्नान के दौरान एक चूक जानलेवा साबित हो सकती थी।
अर्जुन का पैर फिसला और वह गहरे पानी में चला गया। तेज बहाव और गहराई के कारण वह खुद को संभाल नहीं पाया। घाट पर चीख-पुकार मच गई।
???? जल पुलिस की वीरता, ज़िंदगी बची
घटनास्थल पर मौजूद SI आनंद कुमार ओझा और आरक्षी कुमार गौरव ने बिना एक पल गँवाए, रस्सी और लाइफ बोट की मदद से अर्जुन को खींचकर बाहर निकाला।
“10 सेकंड और देर होती तो अर्जुन अब हमारे बीच नहीं होता।”
— SI आनंद ओझा
???? Khabari Editorial Voice: “दो घटनाएं, एक सच्चाई”
सड़क पर प्रशासन की लापरवाही और घाटों पर जल पुलिस की मुस्तैदी — यही आज के दो भारत हैं। जहाँ एक तरफ मासूम जानें लापरवाही की बलि चढ़ रही हैं, वहीं दूसरी तरफ कुछ सरकारी कर्मी अपना कर्तव्य पूरी ईमानदारी से निभा रहे हैं।
???? Khabari Appeal to Administration
- NH-2 सर्विस रोड पर स्पीड ब्रेकर और चेतावनी संकेत लगाएं
- CCTV निगरानी और ट्रैफिक पेट्रोलिंग बढ़ाएं
- भुक्तभोगी परिवार को तत्काल आर्थिक सहायता दी जाए
- जल पुलिस टीम को विशेष राज्य सम्मान से नवाजा जाए




















