Daddy’s International School की Online Classes ने चंदौली में रच दी Digital Education की नई कहानी
“जब बाकी बच्चे छुट्टियों में सिर्फ खेल रहे हैं… तब चंदौली के बच्चे Future की तैयारी कर रहे हैं…”
खबरी न्यूज नेशनल नेटवर्क चकिया‚ चंदौली।
एक समय था जब गर्मी की छुट्टियों का मतलब होता था – खेलकूद, टीवी, मोबाइल और पढ़ाई से पूरी दूरी। लेकिन अब वक्त बदल चुका है। छोटे शहरों में भी शिक्षा का चेहरा तेजी से डिजिटल हो रहा है और इसी बदलाव की मिसाल बनकर उभरा है Daddy’s International School।


स्कूल द्वारा शुरू की गई “Daddy’s EdTech Summer Online Classes” अब बच्चों के बीच सिर्फ एक क्लास नहीं बल्कि “Smart Study Time” बन चुकी हैं।
सुबह की शुरुआत अब सिर्फ छुट्टियों वाली आलस भरी नहीं, बल्कि स्क्रीन पर खुलती किताबों, लाइव क्विज, इंटरैक्टिव एक्टिविटीज और टेक्नोलॉजी बेस्ड लर्निंग से हो रही है।
“Holiday Mood + Smart Learning = Perfect Combo”
सोमवार से शुक्रवार तक प्रतिदिन दो घंटे चलने वाली ये ऑनलाइन क्लासेज बच्चों के लिए किसी बोझ की तरह नहीं बल्कि एक मजेदार डिजिटल एक्सपीरियंस बन चुकी हैं।
कभी लाइव क्विज, कभी एक्टिविटी बेस्ड टास्क, तो कभी टीचर्स के साथ इंटरेक्टिव सेशन… हर दिन बच्चों के लिए कुछ नया लेकर आ रहा है।
सबसे खास बात यह है कि यहां पढ़ाई “रटने” वाली नहीं बल्कि “समझने” वाली हो रही है।
बच्चे खुद कहते नजर आ रहे हैं—
“अब पढ़ाई boring नहीं लगती… Online class में मजा आता है।”
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“From Small Town to Smart Town”
चंदौली जैसे जिले में इस तरह का एडटेक मॉडल लोगों को हैरान भी कर रहा है और प्रेरित भी।
जहां अक्सर माना जाता है कि डिजिटल एजुकेशन केवल बड़े शहरों तक सीमित है, वहीं Daddy’s International School ने यह साबित कर दिया कि यदि सोच बड़ी हो तो छोटे शहर भी शिक्षा में बड़ा बदलाव ला सकते हैं।

विद्यालय प्रबंधन का साफ कहना है कि—
“Education अब सिर्फ Books तक सीमित नहीं रही।
Technology ही Future Education की असली ताकत है।”

और शायद यही वजह है कि “Daddy’s EdTech” अब सिर्फ एक ऑनलाइन प्लेटफॉर्म नहीं बल्कि चंदौली के बच्चों के सपनों का डिजिटल दरवाजा बनता जा रहा है।
“Parents भी खुश… Children भी Focused”
गर्मी की छुट्टियों में अक्सर अभिभावकों की सबसे बड़ी चिंता होती है कि बच्चे पढ़ाई से पूरी तरह दूर हो जाते हैं।
लेकिन इस पहल ने पैरेंट्स की यह टेंशन काफी हद तक खत्म कर दी है।
कई अभिभावकों ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि—
“पहली बार ऐसा हो रहा है कि बच्चे खुद समय पर उठकर क्लास जॉइन कर रहे हैं।”
घर बैठे पढ़ाई, सुरक्षित माहौल, टेक्नोलॉजी से जुड़ाव और लगातार सीखने की आदत… यही वजह है कि माता-पिता इस पहल को बेहद सराह रहे हैं।
“Digital India की असली तस्वीर अब छोटे जिलों में दिख रही है”
जिस डिजिटल एजुकेशन की चर्चा बड़े शहरों में होती थी, अब वही मॉडल छोटे जिलों की गलियों तक पहुंच चुका है।
Daddy’s International School की यह पहल यह बताती है कि इंटरनेट और सही मार्गदर्शन के जरिए गांव और छोटे शहरों के बच्चे भी किसी से कम नहीं हैं।
शिक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में ऐसे एडटेक प्लेटफॉर्म ग्रामीण भारत की शिक्षा व्यवस्था को पूरी तरह बदल सकते हैं।
क्योंकि यहां बच्चे सिर्फ किताबें नहीं पढ़ रहे… बल्कि Future Skills सीख रहे हैं।
“Classroom अब Mobile Screen पर Shift हो चुका है”
बदलते दौर में बच्चों की दुनिया बदल रही है।
अब कॉपी-किताबों के साथ स्क्रीन, प्रेजेंटेशन, वीडियो लर्निंग और डिजिटल एक्टिविटी भी शिक्षा का हिस्सा बन चुके हैं।
Daddy’s EdTech इसी बदलाव का आधुनिक चेहरा बनकर सामने आया है।
जहां एक क्लिक पर बच्चे अपने टीचर्स से जुड़ रहे हैं… सवाल पूछ रहे हैं… एक्टिविटी कर रहे हैं… और सीखने को इंजॉय कर रहे हैं।
“यह सिर्फ Online Class नहीं… Future Generation की तैयारी है”
आज का बच्चा सिर्फ एग्जाम पास करने के लिए नहीं पढ़ रहा… बल्कि भविष्य की दुनिया के लिए तैयार हो रहा है।
Artificial Intelligence, Smart Technology और Digital Communication के इस दौर में अगर बच्चों को समय के साथ नहीं जोड़ा गया तो वे पीछे छूट जाएंगे।
शायद इसी सोच के साथ Daddy’s International School ने गर्मी की छुट्टियों को भी “Learning Opportunity” में बदल दिया है।
“Chandauli is Changing… Education is Evolving”
जिस चंदौली को कभी पारंपरिक शिक्षा व्यवस्था के लिए जाना जाता था, वहां अब डिजिटल लर्निंग का नया अध्याय लिखा जा रहा है।
और इस बदलाव के केंद्र में हैं वे बच्चे… जो छुट्टियों में भी सीखना बंद नहीं करना चाहते।
Daddy’s International School की यह पहल अब सिर्फ एक स्कूल प्रोजेक्ट नहीं बल्कि छोटे शहरों की बदलती सोच का प्रतीक बन चुकी है।
Khabari News Special
“अब गांव और छोटे शहरों के बच्चे भी कह रहे हैं —
‘Future हमारी स्क्रीन पर है… और हम तैयार हैं!’”




















