© 2026 Khabari News – All rights reserved. | News Website Development Services | New Traffic tail
Home » चंदौली » मूसलाधार बारिश से शहाबगंज के दो दर्जन गांवों में तबाही, जर्जर रेगुलेटर ढहाकर खोला पानी निकासी का रास्ता: Shahabganj Flood Waterlogging Chandauli

मूसलाधार बारिश से शहाबगंज के दो दर्जन गांवों में तबाही, जर्जर रेगुलेटर ढहाकर खोला पानी निकासी का रास्ता: Shahabganj Flood Waterlogging Chandauli

Shahabganj Flood Waterlogging Chandauli

चंदौली। शहाबगंज ब्लॉक क्षेत्र में 25 जुलाई की रात हुई मूसलाधार बारिश ने करीब दो दर्जन गांवों में तबाही का मंजर पैदा कर दिया। रात करीब 7 बजे से डेढ़ बजे तक लगातार हुई तेज बारिश के बाद कई गांवों के खेत जलमग्न हो गए। जल निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने से किसानों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। सबसे अधिक प्रभावित क्षेत्रों में घोड़सारी गांव भी शामिल रहा, जहां करीब 300 बीघा कृषि भूमि जलभराव की चपेट में आ गई।

किसानों का आरोप है कि बंधी डिवीजन द्वारा खिलची ड्रेन की समय से सफाई नहीं कराई गई, जिसके कारण बारिश का पानी तेजी से निकल नहीं सका। किसान विकास मंच के कार्यकर्ताओं का कहना है कि इमिलिया, परमंदापुर, पचपरा और जेंगुरीं की दिशा में खिलची ड्रेन की सफाई कराने के लिए कई बार विभागीय अधिकारियों से मांग की गई थी। जिला किसान दिवस के दौरान भी ड्रेन की सफाई का आश्वासन दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद समय रहते सफाई नहीं कराई गई।

SRVS Sikanderpur

भारी बारिश के बाद पचपरा और जेंगुरीं के बीच स्थित करीब 15 वर्ष पुराने रेगुलेटर को भी जलजमाव का प्रमुख कारण बताया गया। किसानों के अनुसार, रेगुलेटर के दो गेट होने और पानी के संकरे रास्ते से निकलने के कारण तेज बारिश में जल निकासी बाधित हो रही थी। किसानों ने लंबे समय से यहां दो गेट के स्थान पर चार गेट का नया और अधिक क्षमता वाला रेगुलेटर बनाने की मांग उठाई थी।

स्थिति गंभीर होने पर बंधी डिवीजन के सहायक अभियंता हीरालाल यादव, अवर अभियंता अजेश्वर सिंह तथा अवर अभियंता प्रकाश यादव की मौजूदगी में किसानों ने जेसीबी मशीन की सहायता से जर्जर रेगुलेटर को ध्वस्त करा दिया। इसके बाद जल निकासी का रास्ता खोलने का प्रयास शुरू किया गया। मौके पर किसी प्रकार की अप्रिय स्थिति न बने, इसके लिए थाना इलिया प्रभारी चंदन राय भारी पुलिस बल के साथ मौजूद रहे और शांति व्यवस्था बनाए रखी।

जलभराव की समस्या को लेकर केरायगांव ड्रेन और इमिलिया रेगुलेटर का मुद्दा भी सामने आया। किसानों ने इमिलिया रेगुलेटर पर करीब तीन से चार फीट ऊंचे बने ब्रेकर को हटाने की मांग अधिकारियों के सामने रखी। किसानों का कहना है कि तेज बारिश और बाढ़ जैसी स्थिति में यह ब्रेकर पानी की निकासी में बाधा बनता है। वहीं, भरुहिया रेगुलेटर का जाम गेट भी बंधी डिवीजन द्वारा उठवाया गया।

बंधी डिवीजन के अधिकारियों ने केरायगांव पहुंचकर भी बाढ़ और जलभराव की समस्या का निरीक्षण किया। इसके साथ ही उफनते खिलची ड्रेन के पानी की निकासी के लिए किसानों ने जेसीबी मशीन लगाकर ड्रेन के तटबंध को कटवाया और पानी को नहर की दिशा में मोड़ने की व्यवस्था की। इस अस्थायी व्यवस्था से खेतों और गांवों में जमा पानी को निकालने का प्रयास किया गया।

Dalimss Sunbeam Chakia

किसान विकास मंच के संगठन मंत्री राम अवध सिंह ने बताया कि जल निकासी की गंभीर समस्या को लेकर पूर्व में ही पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष क्षत्रबली सिंह के साथ-साथ सिंचाई विभाग और बंधी डिवीजन के अधिकारियों को अवगत कराया गया था। इसके बावजूद समय रहते ठोस व्यवस्था नहीं होने से तेज बारिश के बाद हालात बिगड़ गए।

पूर्व ब्लॉक प्रमुख प्रतिनिधि अनुग्रह नारायण सिंह उर्फ बंटी सिंह ने जल निकासी के लिए जेसीबी मशीन की व्यवस्था कराई। उन्होंने बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में पानी की निकासी और किसानों की समस्या के समाधान के लिए विधायक कैलाश आचार्य, जिलाधिकारी चंदौली, तहसील प्रशासन और क्षत्रबली सिंह से भी वार्ता कर आवश्यक पहल करने की मांग की।

Silver Bells Chakia

स्थानीय किसानों का कहना है कि समस्या का स्थायी समाधान तभी संभव है, जब खिलची ड्रेन की नियमित और व्यापक सफाई कराई जाए तथा पचपरा-जेंगुरीं के बीच पर्याप्त क्षमता वाला नया चार गेट का रेगुलेटर बनाया जाए। साथ ही केरायगांव और अन्य प्रभावित ड्रेनों पर बने अवरोधों को भी दूर कर जल निकासी की उचित व्यवस्था की जाए।

Share this post:

Facebook
X
Telegram
Email
WhatsApp

Leave a Comment

लेटेस्ट यूट्यूब वीडियो

लेटेस्ट न्यूज़ चंदौली

लेटेस्ट ब्रेकिंग न्यूज

Advertisement Box

Follow Our Facebook Page

लाइव क्रिकट स्कोर

राशिफल

© 2026 Khabari News – All rights reserved. | News Website Development Services | New Traffic tail

error: Content is protected !!