मवैया, केरायगांव और तियरा में पीड़ित परिवारों से मिले अधिकारी, गिरे मकानों की क्षति का किया आकलन
खबरी न्यूज । चकिया‚ चंदौली। जिले में बाढ़ की स्थिति से प्रभावित ग्रामीण क्षेत्रों में प्रशासन की सक्रियता लगातार बनी हुई है। इसी क्रम में तहसीलदार देवेन्द्र जी के नेतृत्व में राजस्व विभाग की टीम ने तहसील क्षेत्र के बाढ़ प्रभावित दर्जनों गांवों का दौरा कर जमीनी स्थिति का जायजा लिया। अधिकारियों ने प्रभावित परिवारों और विस्थापित ग्रामीणों से सीधे मुलाकात कर उनकी समस्याएं सुनीं तथा उन्हें प्रशासन की ओर से हरसंभव सहायता उपलब्ध कराने का भरोसा दिलाया।
राजस्व विभाग की टीम ने मवैया, केरायगांव और तियरा सहित विभिन्न प्रभावित क्षेत्रों में पहुंचकर बाढ़ से उत्पन्न परिस्थितियों का निरीक्षण किया। इस दौरान कई स्थानों पर ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी जरूरतों और परेशानियों की जानकारी ली गई। अचानक आई बाढ़ के कारण सामान्य जनजीवन प्रभावित होने से बड़ी संख्या में ग्रामीणों को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में प्रशासनिक टीम की गांवों में मौजूदगी से प्रभावित परिवारों को राहत और सहायता की उम्मीद बंधी है।

जरूरतमंद परिवारों के बीच पहुंचाई गई राहत सामग्री
दौरे के दौरान राजस्व विभाग की टीम ने बाढ़ प्रभावित और जरूरतमंद परिवारों के बीच राशन एवं राहत सामग्री का वितरण किया। अधिकारियों ने प्रभावित ग्रामीणों से कहा कि आपदा की इस घड़ी में प्रशासन उनके साथ खड़ा है और पात्र परिवारों तक नियमानुसार राहत पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।
अधिकारियों ने ग्रामीणों की समस्याओं को गंभीरता से सुना और उन्हें भरोसा दिलाया कि बाढ़ से उत्पन्न परिस्थितियों में किसी भी प्रकार की आवश्यकता होने पर संबंधित अधिकारियों को तत्काल सूचना दें। प्रशासन की प्राथमिकता प्रभावित परिवारों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराना है।
गिरे मकानों का मौके पर किया गया निरीक्षण
बाढ़ के पानी से कई स्थानों पर मकानों और अन्य संपत्तियों को नुकसान पहुंचने की जानकारी सामने आई है। इसे देखते हुए राजस्व टीम ने क्षतिग्रस्त एवं गिर चुके मकानों का मौके पर निरीक्षण किया। अधिकारियों ने नुकसान की स्थिति का आकलन किया, ताकि प्रभावित और पात्र परिवारों को नियमानुसार राहत एवं सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा सके।
मौके पर मकानों की स्थिति, बाढ़ से हुए नुकसान और प्रभावित परिवारों की परिस्थितियों का जायजा लिया गया। प्रशासनिक स्तर पर किए जा रहे इस आकलन को आगामी राहत प्रक्रिया के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

ग्रामीणों से सतर्क रहने की अपील
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने ग्रामीणों से बाढ़ के पानी के बीच अनावश्यक रूप से जाने से बचने तथा प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की। अधिकारियों ने कहा कि जलस्तर और बाढ़ की परिस्थितियों को देखते हुए ग्रामीण अपनी सुरक्षा को प्राथमिकता दें और किसी भी आपात स्थिति में तत्काल प्रशासन को सूचना दें।
दौरे के दौरान संबंधित गांवों के ग्राम प्रधान, जनप्रतिनिधि, लेखपाल एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे। स्थानीय जनप्रतिनिधियों और ग्रामीणों ने भी अधिकारियों को क्षेत्र की समस्याओं से अवगत कराया तथा प्रभावित परिवारों के लिए आवश्यक राहत और सहायता की मांग रखी।

बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में प्रशासनिक टीम के इस दौरे से एक ओर जहां प्रभावित परिवारों की समस्याओं को मौके पर समझने का प्रयास किया गया, वहीं दूसरी ओर राहत सामग्री वितरण और मकानों की क्षति का आकलन कर प्रभावित लोगों तक सरकारी सहायता पहुंचाने की प्रक्रिया को गति देने की पहल भी दिखाई दी। प्रशासन की ओर से प्रभावित ग्रामीणों को भरोसा दिलाया गया है कि पात्र परिवारों को नियमानुसार राहत उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।





















